"हम सब जैन हैं।
अलग-अलग परंपराओं में हो सकते हैं,
लेकिन हमारी जड़ एक है,
हमारी पहचान एक है।
और अगर वही पहचान आँकड़ों में कम दिखे — तो फर्क किसी एक को नहीं, हम सबको पड़ेगा।
जनगणना में एक छोटी-सी चूक
हमारी पूरी पीढ़ी पर असर डाल सकती है।
तीर्थों की अनदेखी,
भाषा और संस्कृति की कमजोर पहचान,
और आने वाली पीढ़ियों के लिए एक अधूरा रिकॉर्ड।
यह समय किसी बहस का नहीं है —
यह समय एक साथ खड़े होने का है।
'Let Every Jain Count' कोई आंदोलन नहीं,
यह एक मौन पुकार है —
कि हम सब, बिना भेद के,
अपनी पहचान को सही रूप में दर्ज कराएँ।
अगर आज हमने यह नहीं किया,
तो कल हमारी संतानों को जवाब देना पड़ेगा
कि जब गिनती हो रही थी —
हम चुप क्यों थे।"
अगर आप सोच रहे हैं —
"मैं क्या कर सकता हूँ?"
तो यही जवाब है:
आप जुड़ सकते हैं। अभी।
जैन जनगणना साथी की जानकारी
कृपया सभी आवश्यक फ़ील्ड भरें